चम्पावत। विकास खंड पाटी के बड़ेत गांव के मूल निवासी डॉ. डीएन गहतोड़ी को अंतराष्ट्रीय विज्ञान एवं प्रोद्योगिकी महोत्सव में टीचर ऑफ द इयर अवार्ड से सम्मानित किया गया। डॉ. गहतोड़ी को सम्मान मिलने पर जिले के लोगों ने खुशी जताई।
देहरादून में 20 से 23 नवंबर तक आयोजित सम्मान समारोह में रसायन विज्ञान विषय में उत्कृष्ट शोधकार्य और शिक्षण कार्य के लिए डॉ. गहतोडी़ को यह सम्मान डीजीपी उत्तराखंड अभिनव कुमार ने दिया। यह आयोजन हर वर्ष देहरादून इंटरनेशनल साइंस एंड टेक्नोलॉजी फेस्टिवल के रूप में आयोजित किया जाता है। इस वर्ष यह 20 नवंबर से 23 नवंबर 2024 तक आयोजित किया गया। डॉ. गहतोडी़ वर्तमान में रसायन विज्ञान विभाग में सरदार भगत सिंह राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय रुद्रपुर में सहायक प्राध्यापक के पद पर कार्यरत हैं। वह शिक्षा के क्षेत्र में लगातार अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। डॉ. गहतोड़ी ऑनलाइन(यूट्यूब चैनल -गहतोड़ी एकेडमी) एवं ऑफलाइन दोनों माध्यमों से लगातार कक्षाओं का संचालन करते हैं, जिससे सभी छात्र-छात्राएँ लाभान्वित हो रहे हैं। डॉ. गहतोड़ी को उनके उत्कृष्ट कार्यो के लिए इसी वर्ष इंटरनेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ आर्गेनाइज्ड रिसर्च द्वारा भी राष्ट्रीय शैक्षिक उत्कृष्टता पुरुस्कार द्वारा सम्मानित किया जा चुका है। उनके उत्कृष्ट शोध कार्यों के लिए ऑस्ट्रेलिया-इंडिया स्ट्रेटेजिक रिसर्च फंड के माध्यम से एक्सचेंज रिसर्च फेलो के रूप में सीएसआईआरओ मेलबर्न ऑस्ट्रेलिया में कार्य कर चुके हैं। पीएचडी सीएसआईआर भारतीय पेट्रोलियम संस्थान देहरादून से करने के पश्चात वह पलाकी यूनिवर्सिटी चेक गणराज्य में पोस्टडॉक्टोरल फेलो के रूप में शोध कार्य कर चुके हैं। उन्होंने विभिन्न राष्ट्रीय एवं अंतराष्ट्रीय सेमिनार में प्रतिभाग करते हुए अपने शोधकार्य प्रस्तुत किये हैं और राष्ट्रीय एवं अंतराष्ट्रीय सेमिनारों में इनवाइटेड स्पीकर एवं की नोट स्पीकर रह चुके हैं। उन्हें सीएसआईआर -जूनियर रिसर्च फेलोशिप एवं सीनियर रिसर्च फेलोशिप से भी नवाज़ा जा चुका है। डॉ. गहतोडी़ सीएसआईआर-केंद्रीय नमक और समुद्री रसायन अनुसंधान संस्थान भावनगर, गुजरात में भी कार्बोहाइड्रेट केमिस्ट्री में शोध कार्य कर चुके हैं। डॉ. गहतोड़ी अमेरिकन इंडिया फाउंडेशन (एआईएफ) में कैरियर काउंसलिंग रोल मॉडल के रूप में भी छात्रों का मार्गदर्शन करते आ रहे हैं तथा रॉयल सोसाइटी ऑफ केमिस्ट्री लंदन , इंडियन और एलसेविर के विभिन्न शोध पत्रिकाओं में रिव्युवर के रूप में भी ये अपना सहयोग दे रहे हैं। उकके शोध कार्य कैटालिसिस क्षेत्र में विभिन्न कार्बनिक एवं अकार्बनिक रूपांतरणो में राष्ट्रीय एवं अंतराष्ट्रीय स्तर पर 20 से अधिक शोध पत्र एवं दो पेटेंट प्रकाशित हैं। इनके द्वारा ऑक्सीडेटिव एस्टरीफिकेशन के लिए विकसित क्रियाविधि को रॉयल सोसाइटी ऑफ केमिस्ट्री लंदन द्वारा उनके प्रतिष्ठित जर्नल ग्रीन केमिस्ट्री में प्रकाशित किया जा चुका है। सम्मान समारोह में उत्तराखंड टेक्निकल यूनिवर्सिटी के कुलपति ओमकार सिंह,यू कॉस्ट (UCOST) के डायरेक्ट जनरल प्रोफेसर दुर्गेश पंत,उत्तराखंड उच्च शिक्षा के संयुक्त निदेशक प्रो ए एस उनियाल, सीएसआईआर इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ पेट्रोलियम देहरादून के डायरेक्टर डॉ हरेंद्र बिष्ट और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। डॉ.गहतोड़ी की उपलब्धि पर गीताजंली सेवा संस्थान के अध्यक्ष सतीश चन्द्र पांडेय, राजू गड़कोटी, हरीश पांडेय, गोविंद वर्मा, भास्कर गड़कोटी, जगदीश जोशी, सचिन जोशी आदि ने खुशी जताई।






















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