लोहाघाट। सस्ता गल्ला विक्रेताओं ने मानदेय सहित लंबित बिलों के भुगतान न होने पर पूर्ति निरीक्षक कार्यालय से ई-पॉस मशीन का उठान नहीं किया। इस दौरान उन्होंने निर्णय लिया कि खाद्यान्न गोदामों में जब तक धर्मकांटा नहीं लगाया जाता है और मानदेय सहित लंबित बिलों का भुगतान नहीं जाता है वह ई-पॉस नहीं लगाएंगे।
मंगलवार को सोरघाटी सस्ता गल्ला विक्रेता कल्याण समिति के अध्यक्ष प्रकाश सिंह बोहरा के नेतृत्व में सस्ता गल्ला विक्रेता पूर्ति निरीक्षक कार्यालय लोहाघाट में एकत्र हुए। जिसमें खाद्य पूर्ति निरीक्षक चन्द्रकला चतुर्वेदी ने मौजूद करीब 40 सस्ता गल्ला विक्रेताओं से ई-पॉस मशीन अपनी दुकानों में लगाने के लिए कहा और इसके संचालन का भी प्रशिक्षण दिया। जिसमें सस्ता गल्ला विक्रेताओं ने कहा ई-पॉस मशीन लगाने का विरोध करते हुए मशीन लगाने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि लंबे समय से गोदाम में धर्मकांटा लगाने की मांग भी पूरी नहीं हुई। जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके साथ ही उन्होंने मानदेय सहित पुराने बिलों का भाड़ा, मध्यान भोजन भाड़ा, आंगनबाड़ी बाल पोषाहार का भाड़ा और अन्य कोरोना काल से लंबित बिलों के भुगतान भुगतान की मांग की। उन्होंने कहा कि जब तक सस्ता गल्ला विक्रेताओं की मांगे पूरी नहीं हो जाती हैं। वह ई-पॉस मशीन नहीं लगाएंगे। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन बुधवार को भी जारी रहेगा। जिसमें एक शिष्टमंडल डीएम के पास भी मांगों के संदर्भ में मिलेगा। इस मौके पर चन्द्रमोहन जोशी, सतीश बगौली, सुरेश जोशी, राजू ढेक, राजेन्द्र सिंह, हरीश चतुर्वेदी, बसंत सिंह, दीपक सिंह, हरीश पांडेय, नीरज राय, हरीश चन्द्र जोशी, तेज सिंह फर्त्याल, दान सिंह महासिंह, शेखरानंद गड़कोटी, माधवानंद पंत, रुप सिंह आदि सस्ता गल्ला विक्रेता मौजूद रहे।






















Leave a comment